जय तिवारी, बटाला
- भगवंत मान सरकार महिलाओं के प्रति बेशर्म रवैया अख्तयार किए हुए है। यह आरोप लगाते हुए शिरोमणि अकाली दल की महिला विंग की जिला अध्यक्ष गीता शर्मा ने कहा बटाला सिविल अस्पताल की एमरजंसी में रात को एक भी महिलाा डाक्टर की डयूटी नहीं होती।
- महिला नेता गीता शर्मा ने कहा कि महिला डाक्टर की तैनाती न होने के चलते बटाला की महिलाएं रात के समय सिविल अस्पताल के एमरजंसी वार्ड में जरुरत पड़ने पर भी अपना इलाज कराने से कतराती है।
- गीता शर्मा ने कहा कि सिविल की एमरजंसी में रात को आने वाले महिला मरीजों को मजबूरी में पुरुष डाक्टर से ही इलाज के दौरान अपना चेकअप करवाना पड़ता है, जिससे महिला मरीज असहज महसूस करती हैं।
शिरोमणि अकाली दल की महिला नेता गीता शर्मा ने कहा कि वह बटाला की महिलाओं की तरफ से पंजाब के सेहत मंत्री से अपील करती हैं कि वो बटाला के सिविल अस्पताल की एमरजंसी वार्ड में रात को महिला डाक्टर की तैनाती को यकीनी बनाएं ताकि बटाला की महिलाओं को आ रही परेशानी का हल निकल सके।
वहीं इस सारे मामले पर मीडिया प्रधान डाट काम ने एसएमओ बटाला डाक्टर मनिदंरजीत सिंह से बातचीत कर स्वास्थ्य विभाग का पक्ष जाना। एसएमओ डाक्टर मनिंदरजीत सिंह ने कहा कि सुबह से शाम तक सिविल की एमरजंसी में महिला डाक्टर की और स्टाफ नर्सों की डयूटी होती है। उन्होंने कहा कि रात को एमरजंसी में महिला डाक्टर की डयूटी नहीं होती लेकिन एमरजंसी में स्टाफ नर्सों की डयूटी रात में भी होती है। महिला मरीज के आने पर रात को एमरजंसी में महिला स्टाफ नर्सों की मौजूदगी में ही मरीज का डाक्टर चेकअप व इलाज करते हैं।
