पंजाब के जालंधर में आज सेना द्वारा कैंट एरिया में स्थित बाजार में मॉक ड्रिल किया गया। जिसमें फायर ब्रिगेड की टीमों सहित अन्य डिफेंस की टीमें मौजूद रहीं। रात करीब सवा 8 बजे पूरे कैंटोनमेंट एरिया को ब्लैकआउट कर दिया गया और एरिया में सायरन बजने शुरू हो गए। पूरा एरिया करीब एक घंटे के लिए ब्लैकआउट रहा और रात करीब 9 बजे दोबारा बिजली चालू कर दी गई।
इसे लेकर रात करीब पौने 8 बजे जालंधर के डीसी हिमांशु अग्रवाल द्वारा जानकारी साझा की गई थी। हालांकि कल यानी बुधवार को होने वाले मॉक ड्रिल से पहले ये उसके अभ्यास के तौर पर देखा जा रहा है।
सेना का विमान ऊपर से कर रहा था निगरानी बता दें कि इससे पहले आज यानी मंगलवार को सेना के अधिकारियों द्वारा बाजारों में माइक के साथ अनाउंसमेंट किया गया था, कि कोई भी संदिग्ध व्यक्ति एरिया में देखा जाए तो तुरंत उसके बारे में सूचना पुलिस को दी जाए। ब्लैकआउट के दौरान सेना के विमान ऊपर से एरिया की निगरानी कर रहे थे। साथ ही पूरे कैंटोनमेंट एरिया की बिजली पूरी तरह से बंद कर दी गई थी। साथ ही किसी भी घर में इन्वर्टर से भी लाइट जलाने की अनुमति नहीं थी।
सैन्य अधिकारी बोले- लोगों को जागरूक करने के लिए हुई थी ये मॉकड्रिल मॉक ड्रिल के दौरान सैन्य अधिकारी ने कहा- लोगों को हिदायतें दी गईं हैं कि लाइटें बंद होंगी और एरिया में हरकत कम से कम होगी। लोगों को पता होना चाहिए कि अगर ऐसी को स्थिति होती है तो लोगों का क्या कर्तव्य है। साथ ही किसी तरह से ऐसे स्थिति में सेफ रहना है। कैंट एरिया में रहने वाले हर व्यक्ति को पता होना चाहिए कि उसका क्या कर्तव्य है।
आगे कहा- इस मॉक ड्रिल को इसलिए किया गया है, क्योंकि लोगों को बताया जा सके कि युद्ध जैसी स्थिति में आपको क्या करना है और क्या नहीं करना है। अगर ऐसी कोई स्थिति आए तो तुरंत लोगों को पता हो कि उन्हें लाइटें बंद रखनी हैं। पहले से ही लोगों को बताया गया था कि लाइटें न जलाएं। साथ ही सेना के साथ जुड़े युवाओं को भी इस बारे में जानकारी दी गई थी कि पूरे एरिया में लाइट बंद करने वाली बात पहुंचाई जाए।
